कलेक्टर श्री पी.एस. एल्मा की अध्यक्षता में आज जिला कलेक्टोरेट स्थित मनियारी सभा कक्ष में बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के सर्वेक्षण एवं रेस्क्यु अभियान के संबध में बैठक सम्पन्न हुई

राजेन्द्र देवांगन
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मुंगेली दिसम्बर 2020 से 15 जनवरी 2021 तक

कलेक्टर की अध्यक्षता में बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के सर्वेक्षण एवं रेस्क्यु अभियान के संबध में बैठक सम्पन्न

मुंगेली 07 दिसम्बर 2020// कलेक्टर श्री पी.एस. एल्मा की अध्यक्षता में आज जिला कलेक्टोरेट स्थित मनियारी सभा कक्ष में बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के सर्वेक्षण एवं रेस्क्यु अभियान के संबध में बैठक सम्पन्न हुई

। बैठक में उन्होने भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के आवास, शिक्षा आदि के बारे में जानकारी प्राप्त की। बैठक में उन्होने बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों को समाज की मुख्य धारा में जोडने के लिए 15 दिसम्बर 2020 से 15 जनवरी 2021 तक सर्वेक्षण एवं रेस्क्यु अभियान चलाने हेतु कार्य योजना बनाने के निर्देश दिये। बैठक का आयोजन महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा किया गया।

बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री राजेन्द्र कश्यप ने बताया कि बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के सर्वेक्षण एवं रेस्क्यु हेतु अभियान 15 दिसम्बर 2020 से 15 जनवरी 2021 तक संचालन हेतु जिले के कुल 370 ग्राम पंचायतों को 67 संकुल में तैयार किया गया है। इसी तरह उन्होने नगर पालिका एवं नगर पंचायत के 67 वार्ड में सर्वेक्षण एवं रेस्क्यु अभियान चलाने की बात कहीं। बैठक में उन्होने कार्यपालिक श्रेणी के अधिकारियों यथा निरीक्षक, पर्यवेक्षक आदि को संकुल और वार्ड स्तर पर प्रभारी नियुक्त करने की भी बात कहीं। बैठक में उन्होने अभियान संचालन हेतु संकुल (ग्रामीण क्षेत्रों में) और वार्ड (नगरीय क्षेत्रों में) नियुक्त नोडल अधिकारियों के लिए दिसम्बर माह में प्रशिक्षण आयोजित करने के संबंध में जानकारी दी। बैठक में उन्होने सर्वेक्षण में देखरेख एवं संरक्षण वाले बच्चों के रेस्क्यु कर किशोर न्याय (बालकों की देखरेख एवं संरक्षण) अधिनियम 2015 के प्रावधानों के अनुसार पुनर्वास, स्वास्थ्य

देखभाल, शाला प्रवेश तथा उनकी शिक्षा निरंतर रखे जाने, उनको आश्रय प्रदान किए जाने के उपायो के संबंध में जानकारी दी। इसी तरह बैठक में नगरीय प्रशासन विभाग तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा उक्त कार्ययोजना के क्रियान्वयन, प्रचार-प्रसार तथा बच्चों एवं परिवारों के पुनर्वास, उनके आजीविका के विभिन्न उपायों पर भी चर्चा की गई। इस अवसर पर जिले के पुलिस अधीक्षक श्री अरविद कुजूर ,वनमंडलाधिकारी श्री आर एस दुग्गा, अपर कलेक्टर श्री राजेश नशीने, सभी अनुभाग के अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, जिला शिक्षा अधिकारी, श्रमपदाधिकारी, अदिवासी विकास विभाग के सहायक आयुक्त, बाल कल्याण समिति के सदस्य और चाईल्ड लाईन परियोजना के समस्त केंद्र समन्वयक उपस्थित थे।

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