बिहान योजना से जुड़कर दीदियों के सपनों को मिले पंख

राजेन्द्र देवांगन
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ज़िला ब्यूरो प्रमुख- हरीश माड़वा

मछली पालन से 2 लाख से ज्यादा की हुई आमदनी
बिलासपुर 16 अक्टूबर 2022/बिहान ग्रामीण क्षेत्रों में निवासरत महिलाओं एवं युवतियों को स्वयं सहायता समूह के रूप में गठित कर एवं उन्हें प्रेरित कर स्व रोजगार से जोड़े जाने की महत्वकांक्षी योजना है। आज छत्तीसगढ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान की महिलाएं समूह से जुड़कर सफलता की नयी कहानियां लिख रही है तथा अपने सपने को पंख दे कर नयी उड़ान के लिए तैयार है। तीनों स्तर की पंचायतों एवं बिहान टीम की सहायता से इन महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैंl


विकासखंड बिल्हा के ग्राम पंचायत रहंगी में चांदनी महिला स्वयं सहायता समूह का गठन राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के तहत किया गया। इस समूह में कुल 11 सदस्य है। इस योजना से जुड़कर समूह की महिलाओं को 2 लाख से अधिक की आमदनी हो चुकी है। इन दीदियों का परिवार व्यक्तिगत रूप से कृषि एवं गैर कृषि कार्य में संलग्न हैं एवं यह इनके परिवार की आय का एक प्रमुख स्त्रोत भी है। योजना से जुड़ने के बाद इन्हें अतिरिक्त आय का साधन मिल गया है। समाज में भी उनका मान अब बढ़ गया है।
बिहान योजना के तहत समूह को मिलने वाले वित्तीय सहायता एवं लाभ ने इस समूह की दीदियों को अधिक प्रभावित किया और सभी दीदियों ने मिलकर एक स्वयं सहायता समूह का गठन करने एवं इसके माध्यम से मिलने वाले वित्तीय सहायता एवं लाभ लेकर आर्थिक रूप से अपने परिवार को मजबूत बनाने का निर्णय लिया। समूह की अध्यक्ष श्रीमती अंजली श्रीवास एवं सचिव श्रीमती मीना ध्रुव है। बिहान योजना से जुडने बाद समूह की सभी दीदियों को बिहान योजना के तहत 15 हजार रूपये मिले। इसके एक वर्ष के बाद समूह को सामूदायिक निवेश कोष की राशि 60 हजार प्राप्त हुए। इस राशि का उपयोग करते हुए समूह की दो दीदियों ने अपने परिवार की आय बढ़ाने के उद्देश्य से किराना दुकान और बाड़ी विकास का कार्य प्रारंभ किया। समूह ने ग्राम में ही बने तालाब में सामुहिक रूप से मछली पालन करने की योजना बनाई एवं इस हेतु आवेदन दिया। इसके अलावा समूह की दीदियां ने अपने आय के साधन बढाने के लिए विकासखंड परियोजना प्रबंधन इकाई की टीम की मदद से लोन हेतु आवेदन बैंक में प्रस्तुत किया। जिससे समूह को लोन के रूप में बैंक से 50 हजार रूपये की सहायता राशि प्राप्त हुई। इस राशि में से 17 हजार रूपये की राशि का उपयोग करते हुए समूह ने मछली पालन का कार्य प्रारंभ किया। समूह की दीदियों को मछली पालन का कार्य करते हुए तीन वर्ष से अधिक हो चुका है दीदीयों को इस कार्य से अच्छी आमदनी भी प्राप्त हो रही है। इस कार्य से समूह को अब तक 2 लाख 9 हजार रू आय प्राप्त हुई है। जिससे सभी समूह की दीदियां काफी उत्साहित है।
चांदनी महिला स्वयं सहायता समूह की सभी दीदियों ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान योजना से जुड़कर गांव की अन्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनने हेतु प्रेरणा दे रही है।

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