छत्तीसगढ़ आरक्षक भर्ती में गड़बड़ी के आरोप तेज: अभ्यर्थी हाईकोर्ट पहुंचे, आज याचिका दायर करेंगे

राजेंद्र देवांगन
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बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में एसआई भर्ती विवाद के बाद अब आरक्षक भर्ती भी सवालों के घेरे में आ गई है। प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए बड़ी संख्या में अभ्यर्थी गुरुवार को हाईकोर्ट पहुंचे और चयन प्रक्रिया में हुई कथित गड़बड़ियों के खिलाफ आवाज उठाई। अभ्यर्थियों ने कहा कि जिन उम्मीदवारों के अंक अधिक हैं, उन्हें चयन सूची में शामिल नहीं किया गया, जबकि कम अंक वालों को चयनित कर दिया गया।

अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट के बाहर सभा कर अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं। देर शाम वे सभी पुलिस ग्राउंड में एकत्र हुए और शुक्रवार को संयुक्त याचिका दाखिल करने का निर्णय लिया।


5967 पदों की भर्ती, लेकिन चयन सूची पर उठे कई सवाल

प्रदेशभर में 5967 आरक्षक पदों के लिए चयन सूची 9 दिसंबर को जिला स्तर पर जारी हुई थी। इसके बाद से ही अभ्यर्थी कई तरह की अनियमितताओं का आरोप लगा रहे हैं।

मुख्य आरोप इस प्रकार हैं—

1. कम अंक वाले चयनित, अधिक अंक वाले बाहर

मुंगेली सहित कई जिलों से उदाहरण सामने आए हैं, जहां—

  • एक अभ्यर्थी को 136 अंक मिले, फिर भी चयन नहीं हुआ
  • जबकि उससे कम अंक पाने वाले अन्य उम्मीदवार चयन सूची में आ गए

अभ्यर्थियों का कहना है कि यह कई जिलों में हुआ है, जिससे मेरिट प्रभावित हुई है।


2. एक उम्मीदवार का नाम कई जिलों की सूची में

अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि—

  • कई उम्मीदवारों के नाम 5–6 जिलों की चयन सूची में हैं
  • लेकिन एक व्यक्ति केवल एक ही स्थान पर जॉइन कर सकता है
  • ऐसे में वास्तविक तौर पर 5967 पदों का भरना असंभव होगा
  • बाकी स्थानों पर सीटें खाली रह जाएंगी और योग्य लोग मौका नहीं पा सकेंगे

3. वेटिंग लिस्ट में भी गड़बड़ी का आरोप

वेटिंग लिस्ट में भी कई अनियमितताएं बताई जा रही हैं—

  • एक ही उम्मीदवार का नाम अनारक्षित और आरक्षित, दोनों श्रेणियों की वेटिंग लिस्ट में
  • वेटिंग लिस्ट की प्रक्रिया स्पष्ट नहीं
  • दूसरी वेटिंग जारी न होने पर योग्य उम्मीदवार बाहर हो जाएंगे

4. एप्लीकेशन नंबर एक, नाम अलग–अलग

कोंडागांव और नारायणपुर में—

  • समान एप्लीकेशन नंबर पर दो अलग-अलग नाम दर्ज
  • इससे अभ्यर्थी चयन सूची की विश्वसनीयता पर सवाल उठा रहे हैं

5. पहचान छिपाने के आरोप

अभ्यर्थियों ने बताया कि जिलों में परिणाम जारी करने का तरीका एक जैसा नहीं है—

  • कहीं केवल आवेदन नंबर
  • कहीं रजिस्ट्रेशन नंबर
  • और कहीं नाम + पिता के नाम के साथ सूची जारी की गई

अभ्यर्थियों का आरोप है कि इससे कुछ चयनित उम्मीदवारों की पहचान छिपाने की कोशिश की गई।


हाईकोर्ट में आज याचिका दायर करेंगे अभ्यर्थी

गुरुवार को हाईकोर्ट के बाहर एकत्रित हुए अभ्यर्थियों ने—

  • जिलावार डेटा इकट्ठा किया
  • चयन सूची की “गड़बड़ी सूची” तैयार की
  • और अब शुक्रवार को याचिका दाखिल करने का निर्णय लिया

हजारों अभ्यर्थियों की ओर से एक सामूहिक याचिका दाखिल की जाएगी।


SSP से मिले कैंडिडेट्स, पुलिस ग्राउंड में रुकने की अनुमति मिली

पुलिस ग्राउंड से हटाए जाने पर अभ्यर्थी सीधे SSP रजनेश सिंह से मिले।

उन्होंने जिलों में हुई गड़बड़ियों के बारे में जानकारी दी।

SSP ने उनसे प्रमाण मांगे और चर्चा जारी रखने की अनुमति दी।

साथ ही उन्होंने आरआई को निर्देश दिया कि—

“अभ्यर्थियों को पुलिस ग्राउंड से न हटाया जाए।”


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राजेंद्र देवांगन (प्रधान संपादक)