अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन ठग गिरोह का पर्दाफाश, 15 लाख नगदी सहित 3 लेपटॉप 13 मोबाइल व खातों में जमा कुल 42 लाख जब्त

राजेन्द्र देवांगन
11 Min Read
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19-अक्टूबर,2020

बिलासपुर-(सवितर्क न्यूज़) पुलिस ने पाकिस्तानी शातिर ठगो के साथ मिलकर ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पाकिस्तानी सरगना बडे मामू (असगर) छोटे मामू (असरफ) और सलीम घटना को अंजाम देते थे। आरोपियों ने देश के सभी राज्यो को निशाना बनाया था। ये आरोपी इतने शातिर है, कि डिजिटल करेन्सी से रकम की हेराफेरी करते थे। अन्य देशो को भी इस गिरोह अपना शिकार बनाया। आरोपियों के पाकिस्तान सऊदी अरब मलेशिया से तक जुड़े हैं। पाकिस्तानी वाट्स-अप नंबर एवं झांसे से प्राप्त इंडियन नंबर एवं सेकेन्ड लाईन नंबर से झांसा देकर ठगी करते थे, इन आरोपियों द्वारा ईनाम गिफ्ट लाटरी का झांसा देना वारदात का मुख्य तरीका था।
पुलिस ने बिलासपुर के मामले मे 03 नग लेपटाप 13 नग मोबाईल एवं 15 लाख नगदी रकम एटीएम कार्ड, पासबुक बरामद कर खाता में 27 लाख ब्लाक कराये, और42 लाख रू. करीब जब्त की।
बिलासपुर एसपी प्रशांत अग्रवाल ने मामले का खुलासा करते हुए बताया, कि सीपत थाना क्षेत्र के हरदाडीह में रहने वाले जनकराम पटेल को माह जनवरी 2020 के अंतिम सप्ताह एवं फरवरी के प्रथम सप्ताह के मध्य पाकिस्तानी मोबाईल नम्बर व्हाट्सएप /वाट्सप काल एवं चैट के माध्यम से बार-बार मुकेश अंबानी के नाम पर बोल रहा हूॅ कहकर 25 लाख रू. जियो के लक्की ड्रा के नाम पर केबीसी के भाग्यशाली विजेता के नाम पर 20000000 (दो करोड) अतिरिक्त जितने के नाम पर प्रार्थी के 01 फरवरी से अगस्त 2020 तक विभिन्न खातो में ठगो द्वारा प्रार्थी से लगभग 6500000 (पैसठ लाख) रू. जमा करा लिये गये।

पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया, और वरिष्ठ अधिकारियों से प्राप्त दिशा निर्देश पर परिविक्षाधीन भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी गौरव रामप्रवेश राय के नेतृत्व में थाना प्रभारी सिटी कोतवाली/साइबर सेल कलीम खान उपनिरीक्षक साइबर सेल प्रभाकर तिवारी की साथ विशेष टीम गठित कर मामले की अनुसंधान की जिम्मेदारी सौपते हुये आरोपियो के विरूद्ध उचित कार्यवाही हेतु निर्देश दिये गये। अनुसंधान के दौरान यह तथ्य सामने आया की प्रार्थी को ठगो द्वारा सिर्फ वाट्सऐप के माध्यम से विडियो/आडियो काल तथा चैटिंग के माध्यम से बातचीत करते थे एवं अलग-अलग, खाता नंबर जो अलग-अलग ब्रान्चो के होते थे, में जीते हुये लाॅटरी की रकम प्राप्त करने हेतू विभिन्न विभागीय प्रकिया के नाम पर अलग-अलग समय में अलग अलग खातो में रकम जमा करावाया जाता था।प्रार्थी को विभिन्न पाकिस्तानी नंबर एवं भारतीय नंबर सेकण्ड लाइन नम्बर जिनकी लोकेशन पाकिस्तान में पाया गया से वाट्सप के माध्यम से ऑडियो/विडियो काल आते थे,जिसमें प्रार्थी को उत्तर प्रदेश,बिहार,मध्यप्रदेश,पश्चिम बंगाल,कोलकाता आदि का लगभग 12 विभ्न्नि खातो में रकम जमा करवाया गया था।
विभिन्न खाता एवं मोबाईल नंबरो के संबंध में विस्तृत तकनीकी जानकारी एकत्र कर उनका अनुसंधान किया गया जिसमें सार्वाधिक रकम लगभग 5000000 (पचास लाख) रू.मध्यप्रदेश के रीवा जिले के ग्राम लाइनबधरी सेमरिया निवासी विराट सिंग पिता राजेन्द्र सिंग के एस.बी.आई, पीएनबी,आईसीआई बैंक, इलाहाबाद बैंक,बैंक ऑफ इंडिया आदि के खातो में जमा कराया गया था। जिसे विराट सिंग द्वारा युपीआई पेमेन्ट(फोन पे,पेटीएम) के माध्यम से वर्ली मुबंई निवासी राजेश सुखाउ जायसवाल एवं हर्ष राजेश जायसवाल के खातो ,डिजीटल पेमेंट सलूशन ओड़िशा एवम अन्य को ऑनलाईन रूपये ट्राॅन्सफर किया गया था।
खाता धारक विराट सिंग के बारे में विस्तृत तकनीकि साक्ष्य एकत्रित कर पुलिस अधीक्षक प्रशांत अग्रवाल(भा.पु.से.) को अवगत कराया गया तथा उनके निर्देशन में परिविक्षाधीन आईपीएस श्री गौरव रामप्रवेश राय के साथ थाना प्रभारी साइबर सेल/सिटी कोतवाली कलीम खान सायबर सेल उपनिरीक्षक प्रभाकर तिवारी के साथ टीम गठित कर रीवा देवास,इंदौर,उडिसा, मुम्बई महाराष्ट्र भेजा गया जंहा टीम ने विराट सिंग का लगातार दस दिनो तक पतासाजी कर मामले के संबंधित आरोपियो को पकडने में कामयाबी हासिल की।
आपरेशन मध्य प्रदेश- गठित टीम में से एक टीम रीवा (म.प्र.)में कैंप कर आरोपी विराट सिंग को घेराबंदी कर पकड़ा आरोपी विराट ने बताया की पाकिस्तान के छोटे मामू उर्फ असरफ,तथा बडे मामूउर्फ असगर एवम सलीम के लिये काम करता है जो कि पाकिस्तान से है,जो विराट सिंग से वाट्सप आडियो/विडियो काॅल एवं मैसेज के माध्यम से बातचीत होती है पाकिस्तानी ठगो द्वारा लोगो को लाॅटरी की लालच देकर ठगी करने के दौरान विराट सिंग द्वारा उपलब्ध कराये गये,विभिन्न बैंको के विभिन्न खातो में रकम जमा करावाये जाता था जिसकी सूचना विराट को वाट्सप चैट के माध्यम से दिया जाता था,जिसके पश्चात विराट सिंग द्वारा अपना कमीशन काट कर पाकिस्तानी ठग छोटे मामू उर्फ असरफ तथा बडे मामू उर्फ असगर एवम सलीम के द्वारा विराट सिंग को उपलब्ध कराये अन्य खातो में पेटीएम के माध्यम से रकम स्थानांतरित करने कंहा जाता था,आरोपी विराट द्वारा अपने खाते के अतिरिक्त अन्य खातो की भी जानकारी एकत्रीत कर उन्हे जमा रकम की 3 प्रतिशत की लालच देकर अपने झांसे में लिया जाता था जिसमें से ज्यादातर मध्यप्रदेश के रीवा एवं देवास के खाता धारक हुआ करते थे।
अरोपी विराट द्वारा उसके खाते में आये रकम को देशभर के अलग-अलग प्रांतो के यथा हैदराबाद ,कर्नाटका,बेंगलोर,पश्चिम बंगाल,महाराष्ट्र,उडिसा,उत्तर-प्रदेश, उत्तरा-खण्ड,आसाम,दिल्ली के खातो में ट्रान्सफर किया जाता था। आरोपी विराट के खाते में प्रार्थी जनकराम पटेल द्वारा सर्वाधीक रकम लगभग 5000000(पचास लाख)रू.माह फरवरी 2020 से सितम्बर 2020तक जमा किया गया था जिसमें से अधिकांश रकम मुंबई वर्ली में ऑनलाइन ट्रान्सफर किया गया था। आरोपी विराट सिंग के निशादेही पर खाता धारक शिवम ठाकुर एवं संजू चैहान को मध्य प्रदेश के देवास से गिरफ्तार किया गया।
आपरेशन मुबंई-ः विराट सिंग द्वारा पाकिस्तानी छोटे मामू एवं बडे मामू के द्वारा राजेश एवं हर्ष जायसवाल के खाते में अधिकांश रकम लगभग 4500000 (पैतालिश लाख)रू. ट्रान्सफर किया गया था। लिहाजा एक टीम मुबंई जाकर राजेश अग्रवाल को हिरासत में लेकर पुछताछ किया गया। पुछताछ के दौरान राजेश जायसवाल के खातो का संचालन स्वयं करता है तथा इसके खाते में आये रकम को डिजिटल करेंशी बीट क्वाईन (बीटीएस ) तब्दील कर उपर भेजता है जिसके संबंध्या में विस्तृत जानकारी हासिल की जा रही है तथा भारत के विभिन्न् प्रांतो से इनके संबंधो के बारे में अनुसंधान जारी है।
आपरेशन ओडिसा-ः एक टीम उडीसा से जाकर डिजिटल पेमेंट सालूशन के संचालक सीता राम गौडा को हिरासत में लिया गया जिसके निजी एवं डिजिटल पेमेंट सालुशन के नाम पर खोले गये खाते में जिसमें लगभग 1500000(पन्द्रह लाख)रू. से उपर रकम जमा कराया गया था जिसे फ्रिज करा दिया गया है।
ये हुए गिरफ्तार
01-ः विराट सिंग पिता राजेन्द्र सिंग उम्र 21 वर्ष निवासी बेन बधरी पोष्ट बधरा तहसील सिरमोर जिला रीवा (म.प्र.)
जप्त समाग्री-ः विभिन बैंको के पासबुक एवं एटीएम कार्ड नगदी रकम
02-ःशिवम ठाकुर पिता राजेन्द्र सिंह ठाकुर उम्र 20 साल निवासी निमाङ – नगर ग्राम इटामा थाना सिविल लाईन जिला देवास (म.प्र.)
जप्त समाग्री-ःविभिन बैंको के पासबुक एवं एटीएम कार्ड नगदी रकम
03-ःसंजू चैहान पिता गोकुल चैहान उम्र 20 साल निवासी निमाङ नगर ग्राम इटामा थाना सिविल लाईन जिला देवास(म.प्र.)
जप्त समाग्री-ःविभिन बैंको के पासबुक एवं एटीएम कार्ड नगदी रकम
04-ः राजेश जायसवाल पिता सुखउ जायसवाल उम्र 55 सालनिवासी 01 एस एम नाइक चाल गोल्फा देवी रोड कोली बाडा कालोनी वर्ली मुबंई
जप्त समाग्री-ःविभिन बैंको के पासबुक एवं एटीएम कार्ड नगदी रकम,लेपटाप आदि
05-ः सीताराम गौडा पिता सुर्दशन गौडा उम्र 35 साल निवासी बदांगी थाना तारासिंह जिला गंजाम उडीसा
जप्त समाग्री-ःविभिन बैंको के पासबुक एवं एटीएम कार्ड नगदी रकम,लेपटाप आदि
इसके अतिरिक्त 24 परगना पश्चिम बंगाल,गोपालगंज बिहार,बाखर हाट,पश्चिम बंगाल,कृषनगर धुबेलिया पश्चिम बंगाल,पश्चिम गाजियाबाद,हुगली चंदेर नगर हुगली,सुरत,उत्तरा-खण्ड,सहित उत्तर प्रदेश में कई आरोपियो की पहचान की जा चूकी है,जिन्हे शीघ्र ही गिरफ्तार कर बडे अन्र्तराष्ट्रीय ठग गिरोह का नेटवर्क ध्वस्त किया जायेगा।
बिलासपुर पुलिस अधीक्षक प्रशांत अग्रवाल ने वाट्स-अप काॅल के माध्यम से लाटरी जीतने रिर्जव बैंक ऑफ इंडिया से ईनाम जीतने केबीसी के लक्की विजेता होने संबंधी आने वालेे निम्नलिखित नंबरो के काॅल से सावधन रह कर किसी प्रकार के लालच में न आने गुजारिश की है।
फ्राड काल से संबंधित पाकिस्तानी नंबरो- +923137298150,
+923010483276, +923236842411, +923324337688, +923037531483, +923006075119, +923096781889, +923026550885(सलीम) +923151718848, +923037717314,
+923013652992 (बडे मामू उर्फ असगर पाकिस्तानी हैण्डलर)
+923030020190 (छोटे मामू उर्फ असरफ पाकिस्तानी हैण्डलर ) ,+923016739968 (इरफान) ,+923022601283 (इरफान) ,+923036069794 (अख्तर) ,+92300836500, +923037614993,ठगो से संबंधित भारतीय वाट्स-अप कालिंग नंबर
+916399064540, +919648860030, +917354679280, +918815383283,+917354679280
जो अनिल सिंह कुशवाहा पिता भुनेन्द्र सिंग कुशवाहा ग्राम मझोला टोला टीकर जिला रीवा के नाम से पंजीकृत है इस नंबर को आरोपी विराट सिंग द्वारा पाकिस्तानी हैण्डलर छोटे मामू को दिया गया था। जिसे वह वाट्स-अप इस्टाल कर किया एवं वाट्स-अप वेरिफिकेशन ओटीपी बता दिया जिससे यह नंबर वर्तमान में पाकिस्तानी हैण्डलर छोटे मामू द्वारा प्रयोग में लाया जा रहा है।
इसी प्रकार मोबाईल नंबर 8815383283 जो की कमल सोलंकी पिता सोमाजी सोलंकी उम्र 40 साल निवासी सगडोल चांदेर जिला देपालपुर के नाम से पंजीकृत है। जिसे टीम द्वारा इंदौर जाकर पुछताछ यिका गया जिसने बताया की वह चाय की दुकान में काम करता है इसकी पत्नी को वाट्स-अप काल के माध्यम से 250000(पच्चीस लाख)रू. लाटरी जीतने का झांसा देकर लगभग 2.50 लाख रू. ठगी किया गया है तथा इसे 02 नये सीम लेने कहा गया उनके कहने पर उक्त मोबाईल नंबर की जानकारी पाकिस्तानी वाट्स-अप काल को दी जिससे वह इस नंबर से वाट्स-अप संचालित कर प्रार्थी जनकराम पटेल से वाट्स-अप संचालित कर प्रार्थी जनकराम पटेल से वाट्स-अप काल के माध्यम से ठगी किया गया।

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