छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ की क्रमिक भूख हड़ताल के 7 वें दिन पूरे हुए

राजेन्द्र देवांगन
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छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ की क्रमिक भूख हड़ताल के 7 वें दिन पूरे हुए

बूढ़ा तालाब रायपुर धरना स्थल पर शहीदों को दी गई श्रद्धांजलि

रायपुर 20 दिसम्बर 2020:
किसान विरोधी काले कानून की वापसी की मांग को लेकर छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ द्वारा बूढ़ा तालाब धरना स्थल रायपुर में जारी क्रमिक भूख हड़ताल रविवार को 7 दिन पूरा हो गया। इस दिन भूख हड़ताल पर अखिल भारतीय क्रांतिकारी किसान सभा के राज्य सचिव तेजराम विद्रोही , सदस्य ललित कुमार, छत्तीसगढ़ अभिकर्ता एवं निवेशक कल्याण संघ के अध्यक्ष लक्ष्मीनारायण चन्द्राकर सदस्यगण छन्नूलाल यादव, फेरहा राम धीवर क्रमिक भूख हड़ताल पर रहे। आयोजित श्रद्धांजलि सभा मे 25 दिन के किसान आंदोलन में दिल्ली सीमाओं पर

आंदोलनरत शहीद किसानों को श्रद्धांजलि दी गई।
इस अवसर पर सभा को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक एवं बालोद जिला किसान संघ के संयोजक जनकलाल ठाकुर ने कहा कि देश में चल रहा किसान आंदोलन सिर्फ किसानों की लड़ाई नहीं है बल्कि देश के संविधान की रक्षा की लड़ाई है । यह आंदोलन देश के संसाधन ही नहीं संस्कृति को बचाने की लड़ाई है । इसलिये किसानों को इस लड़ाई में जीतना जरूरी है । इसीलिये हम सब किसानों के संघर्ष में शामिल हैं

आदिवासी भारत महासभा के संयोजक सौरा यादव ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा की केन्द्र सरकार और उसके मंत्रियों द्वारा झूठ बोलकर तथा बदनाम कर किसान आंदोलन को दमन करने में तुली हुई है। भ्रम फैलाने की बात कहने वालों को समझ मे आना चाहिए कि उनके ही समर्थक पार्टी के ही नेता उनका साथ छोड़ रहे हैं जिन्हें इस कानून के संबंध में मोदी द्वारा अंधेरे में रखा गया ।
अनशनकारी तेजराम विद्रोही ने केन्द्र सरकार के ऊपर हमला करते हुए कहा कि यह किसान किसान आंदोलन केवल पंजाब या हरियाणा की किसान आंदोलन नहीं है यह बात जरूर है कि इन राज्यों के किसान पहले जागरूक होकर देश के किसानों को जगाने का प्रयास कर रहे हैं और अपनी जीवन की आहूति दे रहे हैं। क्योंकि यह आंदोलन किसान, किसानी और आम उपभोक्ताओं के खाद्य सुरक्षा को बचाये रखने की आंदोलन है।

श्रद्धांजलि सभा मे राष्ट्रीय किसान संघर्ष समन्यव समिति के पदाधिकारीगण हरियाणा, पंजाब, तेलंगाना, मध्यप्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, ग्रेटर नोएडा दिल्ली, बिहार से प्रतिनिधि शामिल हुए साथ ही सिख समुदाय के सभी गुरुद्वारा कमेटी के मुखियाओं सहित बड़ी संख्या में महिलाए उपस्थित हुए। श्रद्दांजलि सभा मे मुस्लिम समुदाय, छात्र संगठन के अलावा ट्रांसपोर्ट यूनियन, सर्व समाज, किसान मजदूर संगठन एवं व्यापारीगण बड़ी संख्या में सम्मिलित रहे। आंदोलन में अनेक संस्थाओं के प्रतिनिधियों और प्रबुध्द नागरिकों ने समर्थन दिया जिनमें छत्तीसगढ़ सिख समाज के ज्ञानी बलजिंदर सिंह, देविंदर सिंह, कुलदीप सिंह, करमजीत सिंह आदि उपस्थित हुए । क्रमिक भूख हड़ताल पर बैठे किसानों के उपवास को विभिन्न राज्यों से आये हुए प्रतिनिधियों ने खजूर का प्रसाद खिलाकर तुड़वाया ।
छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ

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