मुंगेली :— छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी ‘न्योता भोज’ योजना को जनभागीदारी से साकार करते हुए मुंगेली जिले के शासकीय प्राथमिक शाला घुठेरा में पदस्थ शिक्षक दीपक वेंताल ने अपने जन्मदिवस को अनूठे और सेवाभावी अंदाज में मनाया।

उन्होंने जन्मदिन पर निजी समारोह में खर्च करने के बजाय अपने स्व-व्यय से विद्यालय के सभी बच्चों के लिए न्योता भोज का आयोजन किया। इस अवसर पर बच्चों को दाल, चावल, मिक्स सब्जी, पापड़, खीर-पूरी, केला, हलवा एवं चॉकलेट सहित स्वादिष्ट और पौष्टिक भोजन परोसा गया। शिक्षक के साथ बैठकर भोजन करने से बच्चों में खासा उत्साह देखने को मिला।

शिक्षक वेंताल की इस पहल ने जन्मदिन की खुशी को बच्चों की मुस्कान से जोड़ते हुए समाजसेवा और जनभागीदारी का संदेश दिया। कार्यक्रम का उद्देश्य शासन की न्योता भोज योजना को प्रोत्साहित करने के साथ ही समुदाय को विद्यालय से जोड़ना था। न्योता भोज जैसे आयोजनों से विद्यार्थियों के पोषण स्तर में सुधार के साथ विद्यालय के प्रति अपनत्व और लगाव भी बढ़ता है।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विकासखंड शिक्षा अधिकारी मुंगेली श्रीमती विमित्रा घृतलहरें, विकासखंड शिक्षा अधिकारी पथरिया डॉ. प्रतिभा मंडलोई, विकासखंड शिक्षा अधिकारी लोरमी श्रीमती मनीषा पाटले, खंड स्रोत समन्वयक मुंगेली एस.के. उपाध्याय, संकुल शैक्षिक समन्वयक उमेश साहू, संकुल समन्वयक नेमीचंद भास्कर, प्रभारी प्राचार्य कोयलारी पोषण साहू, घुठेरा सरपंच राजकुमार बैस, सेवानिवृत्त एसडीओपी नरेन्द्र वेंताल, सेवानिवृत्त फॉरेस्ट इंस्पेक्टर भैरोप्रसाद तिवारी, शालेय शिक्षक संघ के ब्लॉक अध्यक्ष दुर्गेश देवांगन सहित विद्यालय परिवार, शाला प्रबंधन समिति के अध्यक्ष एवं ग्राम के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

सभी अतिथियों ने शिक्षक दीपक वेंताल की पहल की सराहना करते हुए इसे अन्य शिक्षकों और समाज के लिए प्रेरणादायक बताया। इस अवसर पर शिक्षक दीपक वेंताल ने कहा “शासन ने न्योता भोज योजना शुरू की है। जन्मदिन की खुशी इन बच्चों की मुस्कान बने। बच्चों के बीच रहकर ही मुझे सच्ची खुशी मिलती है। जन्मदिन पर फिजूलखर्ची करने के बजाय यदि उन्हीं बच्चों के साथ खुशी बांटी जाए, जिनके भविष्य को हम गढ़ते हैं, तो इससे बड़ा उपहार और कुछ नहीं हो सकता।” विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्रीमती विमित्रा घृतलहरें ने कहा कि शिक्षक वेंताल ने अपने जन्मदिवस को समाजसेवा से जोड़कर एक आदर्श प्रस्तुत किया है। उनकी यह पहल जिले के अन्य शिक्षकों के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगी। शासन की मंशा है कि अधिक से अधिक लोग न्योता भोज योजना से जुड़कर विद्यालयों में जनभागीदारी को बढ़ावा दें। खंड स्रोत समन्वयक एस.के. उपाध्याय ने कहा कि इस तरह के आयोजनों से विद्यार्थियों का विद्यालय के प्रति लगाव बढ़ता है तथा शाला त्यागी बच्चों की संख्या में कमी लाने में भी मदद मिलती है। कार्यक्रम का समापन विद्यार्थियों द्वारा शिक्षक दीपक वेंताल को जन्मदिन की बधाई एवं शुभकामना संदेश देकर किया गया। कार्यक्रम का संचालन शिक्षक दुर्गेश देवांगन ने किया तथा आभार प्रदर्शन प्रधान पाठिका निर्मला नेताम ने किया।













