ड्रग स्मगलर्स के पास करोड़ों की संपत्ति: बिलासपुर में जांच के लिए अब CA की मदद, नशे का सामान बेचने वालों की प्रॉपर्टी होगी कुर्क

राजेन्द्र देवांगन
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बिलासपुर में नशे का सामान सप्लाई करने वाले स्मलगर्स से पुलिस ने अब तक 3 कार, 2 बुलेट बाइक, 4 स्कूटी जब्त की है। साथ ही चार जगहों पर जमीन और मकान समेत करोड़ों रुपए की संपत्ति की जानकारी हासिल की है।

आरोपियों की प्रॉपर्टी की जांच के लिए पुलिस अब चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) की मदद लेगी, जिसके बाद संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की जांच में तस्करों के बैंक अकाउंट में जमा पूंजी और शेयर ट्रेडिंग में निवेश करने की जानकारी भी मिली है।

पुलिस ने कही एंड-टू-एंड कार्रवाई की बात बिलासपुर समेत जिले में नशे के खिलाफ पुलिस ने अभियान छेड़ दिया है। दावा किया जा रहा है कि अब तस्करों से जुड़े तार को तोड़ने के लिए एंड टू एंड कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस ने पहली कार्रवाई 26 सितंबर को की थी। जिसमें मिनी बस्ती की कल्पना कुर्रे और एक नाबालिग को पकड़ा गया था। उनसे पूछताछ के बाद मिनी बस्ती में उसी परिवार की युवती सृष्टि कुर्रे को प्रतिबंधित इंजेक्शन के साथ गिरफ्तार किया था।

बिलासपुर में नशे का सामान सप्लाई करता था रायपुर का सोशल मीडिया इन्फ्लुएं सर।

सप्लायर के साथ नशे का जखीरा बरामद इन आरोपियों से पूछताछ में पुलिस को रायपुर के तस्कर और सरगना विक्रांत सरकार और रविशंकर मरकाम की जानकारी मिली।

दरअसल, शहर में विक्रांत और रविशंकर मिलकर बड़े पैमाने पर नशे का सामान सप्लाई करते थे। विक्रांत सोशल मीडिया में एक्टिव रहता है और बड़ी संख्या में उसके फालो अर्स भी है। आरोपियों की मदद से पुलिस ने रायपुर के विक्रांत सरकार और रविशंकर मरकाम से दवा की बड़ी खेप मंगाई और रंगे हाथों पकड़ा।

उनसे 31 लाख रुपए के नशीले इंजेक्शन और टेबलेट मिले।मध्यप्रदेश से जुड़े तार, बालाघाट का तस्कर गिरफ्तार पिछले दिनों विक्रांत और रविशंकर को नशीली दवाओं के बड़े खेप के साथ गिरफ्तार करने के बाद मध्यप्रदेश के बालाघाट निवासी आरोपी शेख जावेद को भी दबोच लिया, जिसके बाद रायपुर के राजधानी मेडिकल स्टोर के संचालक को पकड़ा।

सभी एक दूसरे से जुड़े थे। बालाघाट से जावेद अकाउंट ट्रांजैक्शन का काम करता था।मेडिकल से जुड़े कारोबारियों का नाम सामने आने के बाद पुलिस अब बारीकी से जांच कर रही है। यही वजह है कि पुलिस नशे के इस कारोबार से अर्जित धन की जांच कर रही है।

फाइनेंशियल इन्वेस्टिगेशन के बाद पुलिस इनके नाम पर दर्ज सभी संपत्ति कुर्क करेगी।आरोपियों से बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित इंजेक्शन और टेबलेट बरामद हुआ है।

एसपी बोले- जांच के लिए CA की मदद

एसपी रजनेश सिंह ने बताया कि पुलिस आरोपियों के पैन नंबर से उनके नाम पर संपत्तियों की तलाश कर रही है। इसकी मदद से पुलिस बैंकों में उनके द्वारा किए गए ट्रांजैक्शन की जानकारी जुटा रही है। इसके साथ ही इनके नाम विभिन्न कंपनियों के खरीदे गए शेयर आदि की भी जानकारी मिली है, जिसकी जांच जारी है। इस काम के लिए पुलिस चार्टड अकाउंटेंट की मदद ले रही है।

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