राजधानी में चाकूबाजी पर कंट्रोल नहीं

राजेन्द्र देवांगन
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पुलिस ने अब 116 को गुंडा बदमाश व 24 को हिस्ट्रीशीटर की सूची में किया शामिल

राजधानी में 20 दिनों के भीतर 10 से ज्यादा हत्या और चाकूबाजी की लगातार वारदातों के बाद अब नए बदमशों की कुंडली तैयार कर रही है। एक के बाद एक वारदात करने वाले गुंडे-बदमाशों और हिस्ट्रीशीटर को इस सूची में शामिल किया जा रहा है।.दो दिन पहले पुलिस अफसरों हर थानों में एक साल के भीतर दर्ज केस के आधार पर 140 बदमाशों का रिकॉर्ड खंगाला। इनमें से 116 ऐसे मिले जो जेल से छूटने के बाद फिर वारदात कर रहे हैं। इन सभी का नाम गुंडा लिस्ट में जोड़ा गया है।

इनके अलावा 24 बदमाशों को हिस्ट्रीशीटर की सूची में शामिल किया गया।नई बदमाशों का नाम सूची में जुड़ने के बाद अब रायपुर में 618 गुंडा-बदमाश और 309 हिस्ट्रीशीटर हो गए हैं। जबकि पिछले 10 माह में 10 से ज्यादा लोगांे को जिला बदर किया गया है। 3 लोगों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई की गई है। अब पुलिस इस माह दर्जन से ज्यादा के खिलाफ एनएसए की तैयारी कर रही है।एसएसपी संतोष सिंह ने बताया कि पुलिस ने हर माह शहर में होने वाले घटनाओं की समीक्षा शुरू कर दी है।

अपराधियों का रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है। खासतौर पर नए अपराधियों के अपराध और वारदात करने के उनके उद्देश्य का विश्लेषण किया जा रहा है।क्यों युवा अपराध में लिप्त हो रहे हैं? फिर लगातार अपराध करने वालों की अलग सूची तैयारी की जा रही है। इस माह नए बदमाशों के नाम सूची में शामिल करने के साथ पिछले दो साल से किसी तरह के अपराध में शामिल नहीं होने वाले 31 लोगों का नाम गुंडा-बदमाशों की सूची से हटा दिया गया है।

हालांकि उनकी निगरानी की जा रही है।हत्याकांड से नाराज भीड़ ने शाम को आमासिवनी में चक्काजाम कर दिया।सोमवार की शाम शराब भट्टी के सामने हुई हत्या का सीसीटीवी फुटेज।सिविल लाइन में सबसे ज्यादा गुंडे बदमाश सिविल लाइन पुलिस ने 10 बदमाशों का नाम नई सूची में शामिल किया है। खमतराई थाना में 7, तेलीबांधा में 6, गंज, मौदहापारा और डीडी नगर में 5-5 बदमाशों का नाम शामिल किया गया है।

इसमें मोहम्मद आमिर बीरगांव, जगमोहन बघेल उर्फ विक्कू कुंदरापारा, आकाश पांडेय जोरापारा, दीपक निर्मलकर बजरंग नगर, चेतन वर्मा बीरगांव और रॉकी मिर्धा माना शामिल हैं। सभी के खिलाफ एक दर्जन से ज्यादा मारपीट, चाकूबाजी और चोरी जैसी घटनाएं हैं।गैंगवार के डेढ़ घंटे बाद पहुंची पुलिस, हरीश एक घर में बंधा मदद के लिए चिल्लाता रहाशराब भट्‌ठी में गैंगवार के बाद करीब एक से डेढ़ घंटे बाद पुलिस घटनास्थल पहुंची। उस समय तक रोहित के साथी उसे अस्पताल ले जा चुके थे। यहां तक कि रोहित की मौत भी हो चुकी थी।

पुलिस को गैंगवार की भनक तक नहीं थी। अस्पताल में रोहित की मौत के बाद डाक्टरों ने पुलिस को सूचना दी, तब फोर्स पहुंची।इस दौरान रोहित के दोस्त हरीश को बंधक बनाकर एक मकान में छोड़ चुके थे। वह करीब डेढ़ घंटे तक मदद के लिए पुकारता रहा। काफी देर बाद जब पुलिस को पता चला कि सहदेव नामक आरोपी ने हरीश को अपने घर पर बंधक बनाया है तब फोर्स ने घेरेबंदी की लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस की टीम हरीश को ढूंढते हुए बीएसयूपी पहुंची।

पुलिस वालों को देखकर रोशन तांड़ी दूसरी मंजिल से छलांग लगा दिया। वह भागने लगा। उसे पुलिस ने दौड़कर पकड़ लिया। सहदेव भी पुलिस को देखकर भाग रहा था। उसे भी पकड़ लिया।आरोपी घर पहुंचा तो भीड़ ने पीटावारदात में शामिल आरोपी सूरज साहू मंगलवार को अपने दोस्त के साथ आमासिवनी लौटा। वहां हरीश के परिजन व आस-पास रहने वालों ने उसे घेरकर पकड़ लिया। भीड़ ने सूरज के साथ उसके दोस्त की जमकर पिटाई की। हत्याकांड के लिए वे सूरज को ही जिम्मेदार बता रहे थे।

दोनों गुटों से 8 लोगों की गिरफ्तारपुलिस ने बताया कि मृतक रोहित सागर(25) मूलत: ओडिशा राजा खरियार का रहने वाला था। वह बीएसयूपी में किराए पर रहता था। मृतक हरीश साहू (26) आमासिवनी का रहने वाला था। दोनों गुट पर हत्या और बलवा का केस दर्ज किया गया है। रोहित गुट के सहदेव सोनी, उसके भाई सोमनाथ सोनी, दीपक सोनी और रोशन तांड़ी को गिरफ्तार किया। हरीश गुट से नरेंद्र साहू उर्फ सोनू, उसके बड़े भाई सूरज साहू, केशव छत्री, प्रवीण गेंदले को गिरफ्तार किया है। इसमें 10 आरोपी फरार है। उनकी तलाश की जा रही है।

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