
रायपुर। गवर्नमेंट एम्पलाइज वेलफेयर एसोसिएशन छत्तीसगढ़ आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति के बैनर में आरक्षण विहीन पदोन्नति पर रोक, पिंगूआ कमेटी को रत्न प्रभा कमेटी का अध्ययन करने कर्नाटक भेजने सहित पांच सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन के प्रथम चरण में जिला मुख्यालय में पांच जनवरी को मुख्यमंत्री के नाम से जिलाधिकारी को ज्ञापन देंगे।संगठन के प्रांताध्यक्ष कृष्णकुमार नवरंग ने बताया कि पदोन्नति में आरक्षण की पुनः बहाली सहित एकलव्य और स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम के विद्यालय में कर्मचारियों व शिक्षक भर्ती में आरक्षण युक्त नियमित पद की भर्ती सहित छग लोकसेवा सीधी / पदोन्नति (अनु जाति, अनु जनजाति, पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण) नियम 1994 के धारा छह में संसोधन कर आरक्षण नियम के विपरीत कार्य करने वाले नियुक्ति प्राधिकारी की सजा सात वर्ष कर 50 हजार रुपये जुर्माना का प्रावधान सहित बैकलाग पदों की पूर्ति के लिए विशेष भर्ती अभियान चलाने की मांग को लेकर तीन चरणों में आंदोलन करेंगे।आंदोलन के प्रथम चरण में अनु जाति और जनजाति, पिछड़ा वर्ग के अधिकारी और कर्मचारी पांच जनवरी को दोपहर दो बजे सभी जिला मुख्यालयों में मुख्यमंत्री के नाम जिलाध्यक्ष को ज्ञापन सौंपा जाएगा। संघ के प्रांतीय उपाध्यक्ष भोलाराम मरकाम ने स्पष्ट किया कि आंदोलन दूसरे चरण में संभाग स्तर पर 12 जनवरी को बस्तर, 18 जनवरी को बिलासपुर, 21 जनवरी को दुर्ग और अंत मे तीन फरवरी को प्रांत स्तर पर धरना बूढ़ा तालाब रायपुर में दिया जाएगा। संघ के प्रवक्ता नरेंद्र जांगड़े ने बताया कि आंदोलन को सफल बनाने के लिए सभी पदाधिकारी जिला स्तर पर बैठक और दौरा करेंगे।











