हिमाचल में पैराग्लाइडिंग वर्ल्ड कप के दौरान हादसा, हवा में टकराए पैराग्लाइडर; बचाने के प्रयास जारी

राजेन्द्र देवांगन
3 Min Read
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हिमाचल में पैराग्लाइडिंग वर्ल्ड कप 2024 का आयोजन

हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में एक बार फिर पैराग्लाइडर के टकराने की खबर सामने आई है। यहां बीच हवा में अन्य पैराग्लाइडर से टक्कर के बाद पोलैंड का एक पैराग्लाइडर पर्वतीय इलाके में फंस गया है। पैराग्लाइडर को बचाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इस बीच अधिकारियों ने बताया कि कांगड़ा जिले के ‘बीर बिलिंग’ में पैराग्लाइडिंग विश्व कप 2024 में भाग ले रहे एक ऑस्ट्रेलियाई पैराग्लाइडर को रविवार को उड़ान भरने से पहले पैर में मोच आने के बाद प्रतियोगिता से बाहर होना पड़ा।

अधिकारियों ने बताया कि पोलैंड का एक पैराग्लाइडर रविवार को हवा में एक अन्य पैराग्लाइडर से टकराने के बाद कांगड़ा के पर्वतीय इलाके में फंस गया है। उन्होंने बताया कि वह ‘पैराग्लाइडिंग’ आयोजकों के संपर्क में है और उन्हें जल्द बचा लिया जाएगा।

ऑस्ट्रेलियाई पैराग्लाइडर को अस्पताल ले जाया गया

पैर में मोच आ जाने के कारण ऑस्ट्रेलिया के पैराग्लाइडर डेविड स्नोडेन ‘पैराग्लाइडिंग विश्वकप 2024’ में हिस्सा नहीं ले पाए। बिलिंग पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष अनुराग शर्मा ने बताया, ‘‘उड़ान भरने से पहले ऑस्ट्रेलियाई पैराग्लाइडर डेविड स्नोडेन के पैर में मोच आ गई और वह उड़ान नहीं भर सके। उन्हें एक्स-रे के लिए अस्पताल ले जाया गया और अब उनकी हालत बेहतर है।’’

94 पैराग्लाइडर ले रहे हिस्सा

आठ दिवसीय पैराग्लाइडिंग विश्व कप 2024 दो नवंबर से शुरू हुआ था और इस कार्यक्रम में 26 देशों से सात महिलाओं समेत 94 पैराग्लाइडर हिस्सा ले रहे हैं। शर्मा ने बताया कि सुरक्षा उपाय के तहत कार्यक्रम के लिए दो हेलीकॉप्टर, एंबुलेंस के साथ सात स्वास्थ्य टीम और मनाली में अटल बिहारी वाजपेयी पर्वतारोहन एवं संबद्ध खेल संस्थान से विशेषज्ञों के नेतृत्व में छह बचाव एवं पुनर्प्राप्ति दल को पहले से तैयार रखा गया है।

2 विदेशी पैराग्लाइडर की दुर्घटना में हुई मौत

पिछले सप्ताह हिमाचल प्रदेश में दो विदेशी पैराग्लाइडर एक दुर्घटना के शिकार हो गए थे। मंगलवार को बीर बिलिंग में बेल्जियम के एक पैराग्लाइडर की हवा में अन्य पैराग्लाइडर से टक्कर के कारण मौत हो गई थी, क्योंकि टक्कर के बाद उनका पैराशूट नहीं खुल पाया था। अकेले पैराग्लाइडिंग कर रहीं दिता मिसुरकोवा (43) बुधवार को तेज हवाओं के कारण ग्लाइडर पर से नियंत्रण खो देने के कारण मनाली के मढ़ी के पास पर्वतीय क्षेत्र में हादसे का शिकार हो गई थीं।

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