बंगाल में चक्रवात ‘रेमल’ का कहर, अब तक 6 लोगों की मौत…तेज हवाओं से 29,500 घर हुए तबाह

राजेन्द्र देवांगन
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नेशनल न्यूज़। पश्चिम बंगाल में चक्रवाती तूफान ‘रेमल’ से 24 प्रखंड और 79 नगरपालिका वार्ड में करीब 29,500 घर आंशिक या पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिनमें से अधिकतर दक्षिणी तटीय इलाकों में हैं। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इसके अलावा राज्य के विभिन्न हिस्सों में 2,140 से अधिक पेड़ उखड़ गए और लगभग 1,700 बिजली के खंभे गिर गए। शुरुआती आकलन से संकेत मिला है कि 27,000 घर आंशिक रूप से और 2,500 पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं। अधिकारी ने कहा कि ये आंकड़े बढ़ सकते हैं, क्योंकि आंकड़े जुटाने और क्षति का अनुमान लगाने के साथ मूल्यांकन जारी है।

अधिकारी ने बताया, ‘‘संभवतः आंकड़े बदल जाएंगे, क्योंकि मूल्यांकन प्रक्रिया अभी भी पूरी नहीं हुई है। जिलों से आंकड़े जुटाए जा रहे हैं और नुकसान के अनुमान की गणना की जा रही है।” उन्होंने बताया कि प्रशासन ने 2,07,060 लोगों को 1,438 सुरक्षित आश्रयों में पहुंचा दिया है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में वहां 77,288 लोग हैं।

अधिकारी ने कहा, ‘‘कुल मिलाकर, इस समय 341 रसोई के माध्यम से उन्हें खाना पहुंचाया जा रहा है। हमने तटीय और निचले इलाकों में प्रभावित लोगों को 17,738 तिरपाल वितरित किए हैं।” प्रभावित क्षेत्रों में काकद्वीप, नामखाना, सागर द्वीप, डायमंड हार्बर, फ्रेजरगंज, बक्खली और मंदारमनी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि चक्रवात के कारण तटबंधों में मामूली दरारें आ गई थीं, जिनकी तुरंत मरम्मत कर दी गई। उन्होंने कहा, ‘‘अब तक तटबंध के टूटने की कोई सूचना नहीं मिली है। जिनके बारे में भी सूचना आई, वे मामूली थीं और उन्हें तुरंत ठीक कर लिया गया।”

चक्रवात के कारण अब तक छह लोग जान गंवा चुके हैं। कोलकाता में एक, दक्षिण 24 परगना जिले में दो महिलाएं, उत्तर 24 परगना जिले में एक और पूर्व मेदिनीपुर में पिता-पुत्र की मौत हो चुकी है। चक्रवात ‘रेमल’ के कारण तटीय क्षेत्रों में सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। पश्चिम बंगाल और पड़ोसी बांग्लादेश दोनों जगहों पर महत्वपूर्ण बुनियादी संरचना को क्षति की सूचना मिली है।

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