एक गांव में 2 साल में 62 मौतें’:नंदकुमार साय बोले-यहां आज तक मेडिकल टीम नहीं पहुंची; बस्तर प्रशासन पर लगाए गंभीर आरोप

राजेन्द्र देवांगन
2 Min Read
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एक गांव में 2 साल में 62 मौतें’:नंदकुमार साय बोले-यहां आज तक मेडिकल टीम नहीं पहुंची; बस्तर प्रशासन पर लगाए गंभीर आरोप

अनुसूचित जनजाति आयोग के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और बीजेपी के वरिष्ठ नेता नंदकुमार साय ने बस्तर जिला प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि, तहसील कार्यालयों में जनजातीय लोगों के राजस्व प्रकरण रोके जा रहे हैं। उनका कोई काम नहीं किया जा रहा है। जबकि बड़े और ऊपर तक पहुंच रखने वाले लोगों का छोटे से लेकर बड़े स्तर तक का काम चंद मिनटों में ही पूरा कर रहे हैं। उन्होंने जनजातीय लोगों के साथ किए जा रहे भेदभाव को लेकर नाराजगी जताई है।

दरअसल, नंद कुमार साय ने जगदलपुर में प्रेस वार्ता ली। इस दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार पर भी जमकर निशाना साधा। नंदकुमार ने कहा कि, प्रदेश में जब से कांग्रेस की सरकार आई है भ्रष्टाचार चरम पर है। भ्रष्टाचार से आम जनता भी त्रस्त है। उन्होंने कहा कि, हम सरकार को आइना दिखाने का काम कर रहे हैं। इसी के विरोध में SDM कार्यालय का घेराव किया गया है। नंद कुमार ने कहा कि सरकार दो भागों में बंट गई है।

रेगड़गट्टा गांव में बढ़ते मौत के मामले को लेकर सवाल

नंदकुमार साय ने कहा कि सुकमा के रेगड़गट्टा गांव में पिछले 2 सालों में 62 लोगों की मौत हुई है। इतने लोगों की मौत होना यह अपने आप में एक बड़ी बात है। यहां खान-पान में कोई कमी है? या फिर कोई बीमारी पनप रही है? इन सवालों के जवाब जानने के लिए सरकार को कोई मेडिकल टीम भेजनी चाहिए। लेकिन, आज तक सरकार ने अपनी कोई टीम यहां नहीं भेजी है। कल स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव को मैंने कॉल किया था। किसी कारण की वजह से उनसे बात नहीं हो पाई। अब उनसे जाकर मिलूंगा और इस गंभीर विषय के संबंध में चर्चा करूंगा।

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