ग्राम पंचायत खैरखुंडी में , प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना में राशन घोटाला

राजेन्द्र देवांगन
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ग्राम पंचायत खैरखुंडी में, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना में राशन घोटाला

हरीश माड़वा- रतनपुर बिलासपुर जिले के ग्राम पंचायत खैरखुंडी में प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना में राशन घोटाला मामले में कल 19 जून को खाद्य विभाग की टीम जांच करने खैरखुंडी ग्राम पहुंची थी. बताया जा रहा है कि पूरे गांव के लोगों को 2 माह का राशन नहीं मिला है। जिसके कारण से पूरे गांव लॉकडाउन के दौरान भूखे मरने की नौबत आ गई थी. और ग्रामीणों के द्वारा कई बार आवाज भी उठाया गया था. ग्रामीणों का कहना यह भी है की लॉकडाउन के दौरान यहां सैनिटाइजर,मास्क बांटना तो दूर की बात है .गांव के सरपंच, सचिव और विक्रेता पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा है। शिक़ायत मिलने पर टीम गांव पहुंची और एक-एक ग्रामीण का बयान लिया गया.मामला बिल्हा ब्लॉक के खैरखुंडी गांव का है, जहां पूरे गांव में किसी भी हितग्राही को प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना में दो माह का राशन नहीं मिला है। जानकारी के अनुसार गांव में 325 राशनकार्ड धारक हैं, जिन्हें प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री खाद्यान योजना का लाभ नहीं मिला है। हाल ही में हितग्राहियों ने इसकी शिक़ायत की थी, जिसके बाद कलेक्टर ने टीम गठित कर जांच के लिए भेजा। जिसमें खाद्य निरीक्षक ओंकार सिंह ठाकुर के नेतृत्व में टीम गांव पहुंच कर सोसायटी के रजिस्टर, स्टाफ की चेकिंग और हितग्राहियों से पूछताछ की गई.गौरतलब है कि लॉकडाउन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दो माह का राशन देने की घोषणा की थी। सोसायटी चलाने वाले सरपंच छन्नी बाई गोंड़, सचिव दिनेश्वर कुमार मंजारे और विक्रेता राकेश भारद्वाज पर राशन घोटाला का आरोप लगा है. अब जांच के बाद ही पता चल पाएगा कि गांव के लोगों को इस योजना का चावल क्यों नहीं दिया गया ?

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