कानन पेंडारी में नहीं सुनाई देगी ‘भीम’ की दहाड़.. बीमार शेर ने तोड़ा दम, अफसरों की मौजूदगी में अंतिम संस्कार

राजेन्द्र देवांगन
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बिलासपुर के कानन पेंडारी जू के प्रसिद्ध शेर भीम का निधन हो गया। वह 17 फरवरी से बीमार था और किडनी की समस्या से जूझ रहा था।  विशेषज्ञ डॉक्टरों की देखरेख में इलाज चला, लेकिन भीम को बचाया नहीं जा सका। सन 2022 में हरियाणा जू से लाए गए इस शेर का वन्य अधिकारियों की मौजूदगी में अंतिम संस्कार किया गया।

किडनी की बीमारी से जूझ रहा था भीम

तमाम कोशिशों के बाद भी वह ठीक नहीं हो सका भीम
शेर भीम बीते 17 फरवरी से बीमार था। डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि उसे किडनी से जुड़ी गंभीर समस्या थी। विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम लगातार उसका इलाज कर रही थी। लेकिन, तमाम कोशिशों के बाद भी वह ठीक नहीं हो सका।

वन विभाग की देखरेख में अंतिम संस्कार

कानन पेंडारी में नहीं सुनाई देगी ‘भीम’ की दहाड़..

कानन पेण्डारी जू के शेर ‘भीम’ का निधन
शेर भीम के निधन के बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। वन विभाग  के अधिकारियों की मौजूदगी में उसका अंतिम संस्कार किया गया। पंचनामा तैयार करने के बाद शव का पोस्टमार्टम किया गया।

हरियाणा से लाया गया था भीम

बीमार शेर ने तोड़ा दम, अफसरों की मौजूदगी में अंतिम संस्कार

भीम को 2022 में हरियाणा जू से कानन पेंडारी लाया गया था। उसकी गगनभेदी दहाड़ से पूरा जंगल गूंज उठता था। वह कानन पेंडारी में आकर्षण का केंद्र था और पर्यटकों की पहली पसंद भी।

भीम के निधन की खबर से कानन पेंडारी जू में शोक की लहर दौड़ गई। जू प्रशासन, वन विभाग के कर्मचारी और भीम को चाहने वाले पर्यटक बेहद दुखी हैं। लोग उसे याद कर रहे हैं और उसकी दहाड़ को मिस करेंगे।

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