शहर में आवारा मवेशियों के कब्जा,  निगम प्रशासन गहरी निंद्रा में, हाईकोर्ट आदेश का नही हो रहा पालन

राजेन्द्र देवांगन
2 Min Read
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

बिलासपुर। शहर में सड़कों पर आवारा मवेशियों की समस्या गंभीर होती जा रही है। हर दिन सड़क दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं, जिनमें वाहन चालक और मवेशी दोनों की जान जोखिम में पड़ रही है। नगर निगम प्रशासन कई बार अभियान चलाकर सड़कों को मवेशी मुक्त करने की कोशिश कर चुका है, लेकिन, स्थिति में कोई खास सुधार नहीं हुआ है।

सड़कों पर बेखौफ घूम रहे मवेशी

लोगों को इस परेशानी से राहत नहीं मिल रही।

इसको नगर निगम प्रशासन की लापरवाही ही कहा जा सकता है की उनकी निष्क्रियता से शहर के हर गली मुहल्लों, चौक – चौराहों व हाइवे पर आवारा मवेशी बीच सड़क पर बैठे हुए आसानी से देखे जा सकते हैं, लेकिन नगर निगम प्रशासन आवारा मवेशियों को पकड़ने में सिर्फ खानापूर्ति की कार्यवाही कर रहा है।

शहर में मवेशी सड़कों पर घूमते हुए देखे जा सकते

सर्वाधिक परेशानी की स्थिति बाजार इलाके में होती है

वाहन चालकों की जान जोखिम में
बिलासपुर की प्रमुख सड़कों पर बड़ी संख्या में मवेशियों का जमावड़ा देखने को मिलता है। दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को अचानक सड़क पर बैठे या घूमते हुए मवेशियों के कारण दुर्घटना का सामना करना पड़ता है। खासतौर पर रात के समय ये समस्या और गंभीर हो जाती है, क्योंकि अंधेरे में मवेशी स्पष्ट रूप से दिखाई नहीं देते, जिससे हादसों की आशंका और बढ़ जाती है।

हाईकोर्ट ने जताई चिंता शहर में बढ़ रही सड़क दुर्घटना

शहर में बड़ी संख्या में मवेशी बेखौफ घूम रहे हैं।

दुर्घटनाओं को देखते हुए छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने बिलासपुर कलेक्टर और नगर निगम आयुक्त से जवाब मांगा है। हाईकोर्ट ने साफ निर्देश दिए थे कि जल्द से जल्द सड़कों से आवारा मवेशियों को हटाया जाए। हालांकि, प्रशासन केवल योजनाएं बनाने और जागरूकता अभियान चलाने का दावा करता रहा, लेकिन जमीनी हकीकत में कोई खास बदलाव नहीं आया। यही वजह है कि सड़कों पर मवेशियों की मौजूदगी लगातार बनी हुई है और हादसे कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं।

Share This Article