किसान से लोन के नाम पर ठगी: एजेंट और सरपंच ने मिलकर 4.10 लाख की धोखाधड़ी की, पुलिस ने दोनों को किया गिरफ्तार

राजेन्द्र देवांगन
3 Min Read
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रायगढ़ जिले के घरघोड़ा थाना क्षेत्र में एक किसान को लोन दिलाने के नाम पर ठगी का शिकार बनाया गया। आरोपियों में लोन एजेंट रवि महंत और ग्राम रोडोपाली के सरपंच रघुवीर राठिया शामिल हैं। इन दोनों ने किसान से धोखाधड़ी कर 4.10 लाख रुपये की रकम अपने खातों में ट्रांसफर कर ली।

घटना का विवरण

ग्राम रोडोपाली के रहने वाले 40 वर्षीय किसान पुरुषोत्तम राठिया ने कृषि कार्य बढ़ाने के लिए केसीसी (किसान क्रेडिट कार्ड) योजना के तहत लोन लेने का निर्णय लिया। उसने लोन एजेंट रवि महंत से संपर्क किया, जिसने एक्सिस बैंक, भेण्ड्रा घरघोड़ा शाखा से 4.40 लाख रुपये का लोन स्वीकृत करवाने में मदद की।

लोन मिलने के बाद, पुरुषोत्तम ने कम राशि मिलने की शिकायत की और लोन वापस करने की प्रक्रिया शुरू करने को कहा। इस पर रवि महंत ने किसान से बैंक संबंधी सभी दस्तावेज, पासबुक, एटीएम कार्ड और चेकबुक ले लिए। इसके बाद रवि ने सरपंच रघुवीर राठिया के साथ मिलकर नेट बैंकिंग और एटीएम के माध्यम से किसान के खाते से 4.10 लाख रुपये निकाल लिए।

सरपंच के खाते में ट्रांसफर किए गए पैसे

आरोपियों ने ठगी के दौरान 3.10 लाख रुपये सरपंच रघुवीर राठिया के खाते में ट्रांसफर किए। बची हुई रकम रवि महंत ने अन्य माध्यमों से निकाल ली।

किसान ने दर्ज कराई शिकायत

जब पुरुषोत्तम को अपने खाते से 4 लाख से अधिक की रकम गायब होने की जानकारी मिली, तो उसने रवि महंत से संपर्क किया। लेकिन रवि ने मामले को टालने की कोशिश की। ठगी का एहसास होने पर किसान ने घरघोड़ा थाना में मामले की शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस की कार्रवाई

शिकायत मिलने पर पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की। जांच में लोन एजेंट और सरपंच की मिलीभगत की पुष्टि हुई। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

पुलिस की अपील

पुलिस ने जनता से अपील की है कि किसी भी वित्तीय लेनदेन या लोन प्रक्रिया में सतर्क रहें। अपनी बैंकिंग जानकारी और दस्तावेज केवल अधिकृत व्यक्तियों या संस्थानों के साथ साझा करें।

यह घटना न केवल किसानों के लिए सतर्कता का संदेश है, बल्कि प्रशासन के लिए भी लोन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने की जरूरत को रेखांकित करती है।

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