पोलियोग्रस्त 5 साल की बेटी के साथ पिता का अमानवीय व्यवहार पढ़े पूरा मामला

राजेन्द्र देवांगन
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बिलासपुर/जांजगीर :- जन्मदाता कहे जाने वाले पिता का अमानवीय चेहरा सामने आया है मामला छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले का है । जहां एक कलयुगी पिता ने अपनी 5 वर्षीय पोलियो ग्रस्त पुत्री के साथ अमानवीय घटना को अंजाम दिया

पढ़े पूरा मामला

बीते बुधवार को एक पोलियोग्रस्त मासूम को उसका पिता ट्रेन से बिलासपुर से अकलतरा लेकर आया और स्टेशन में छोड़ते हुए कहा कि ट्रेन आए तो पटरी पर सो जाना। इतना कहकर वह बेरहम पिता वहां से चला गया | पोलियोग्रस्त मासूम चलने में असमर्थ है | जैसे ही प्लेटफॉर्म पर खड़े लोगों की नजर बच्ची के बेबसी पर पड़ी तो उन्होंने उसे रेस्क्यू कर सुरक्षित बाल संरक्षण गृह तक पहुंचाया।

हेल्प एंड हेल्पस समिति द्वारा संचालित चाइल्ड लाइन जांजगीर टीम के सदस्यों ने पूछताछ की तो बच्ची ने बताया कि उसके पिता उसे रेलवे स्टेशन में छोड़कर चले गए हैं। पिता उसे बिलासपुर से लाए थे। बच्ची को जिला के बाल कल्याण समिति के सदस्यों के सामने पेश किया किया गया। समिति के आदेश पर उसे टीम के संरक्षण में मातृ छाया जिला कोरबा ले जाया गया। फिलहाल पुलिस मासूम के घरवालों से संपर्क करने की कोशिश कर रही है |बता दें कि सरकार ने प्रदेश के विभिन्न जिलों व जनपद मुख्यालयो में जिला बाल संरक्षण इकाई का गठन किया है। ऐसे पालक जो किसी भी कारण से अपने बच्चों का लालन-पालन करने में असमर्थ हैं। वे अपने बच्चों को इस तरह लावारिस अथवा मरने के लिए न छोड़ें, बल्कि महिला एवं बाल विकास विभाग या बाल संरक्षण इकाई में छोड़ सकते हैं। समिति उनके रहने से लेकर शिक्षा तक का सारा इंतजाम करती है | इसके बाद उन्हें प्रशिक्षण देकर आर्थिक रूप से सक्षम बनाने की कोशिश भी करती है |

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