रायगढ़ : धान खरीदी केंद्र में 2 करोड़ से ज्यादा का घोटाला, तीन कर्मचारी निलंबित, FIR दर्ज

राजेन्द्र देवांगन
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छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले से एक बड़ा घोटालाामने आया है। टेंडा नवापारा स्थित धान उपार्जन केंद्र में 2 करोड़ रुपए से अधिक की धान खरीदी घपलेबाजी का खुलासा हुआ है। इस फर्जीवाड़े में केंद्र प्रभारी, कंप्यूटर ऑपरेटर और एक भृत्य शामिल पाए गए हैं, जिन पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जांच में खुली पोल: रिकॉर्ड में धान, जमीन पर खाली केंद्र

जानकारी के अनुसार, खरीदी केंद्र में 2024-25 की धान खरीदी के बाद एक संयुक्त जांच टीम ने मौके पर जाकर भौतिक सत्यापन किया। हैरानी की बात ये रही कि ऑनलाइन सिस्टम में दर्ज 7159.60 क्विंटल धान वास्तव में केंद्र में मौजूद ही नहीं था। इस फर्जी धान की कीमत करीब 2 करोड़ 22 लाख रुपए आंकी गई है।

बारदाना भी बना घोटाले का हिस्सा

जांच में यह भी सामने आया कि सिर्फ धान ही नहीं, बारदाने में भी गड़बड़ी की गई थी। कुल 5 लाख 70 हजार रुपए के बारदाने का कोई हिसाब नहीं मिला। इसमें नया, मिलर्स और पीडीएस बारदाना शामिल था।

तीन कर्मचारियों पर मामला दर्ज

केंद्र प्रभारी मनोज गुप्ता, कंप्यूटर ऑपरेटर मुकेश यादव, और भृत्य दिलीप राठिया को इस गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार माना गया है। तमनार अपेक्स बैंक के शाखा प्रबंधक की शिकायत पर पुलिस ने इनके खिलाफ बीएनएस की धारा 3(5), 316(5), और 318(4) के तहत एफआईआर दर्ज की है।

कड़ी कार्रवाई के संकेत

प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी और संबंधित विभागों में जवाबदेही भी तय की जाएगी।


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