प्रधानमंत्री मोदी को सत्ता से हटाए जाने से पहले मरूंगा नहीं : कांग्रेस अध्यक्ष खरगे

राजेन्द्र देवांगन
6 Min Read
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करने के लिए संघर्ष करने का संकल्प व्यक्त किया और कहा कि वह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को सत्ता से बेदखल करने तक राजनीति में सक्रिय रहेंगे।

खरगे की टिप्पणी केंद्र की भाजपा नीत सरकार की केंद्र शासित प्रदेश के मामले में कार्यप्रणाली, विशेषकर चुनावों में देरी को लेकर आलोचना के बीच आई है।

रैली स्थल पर चिकित्सा सहायता मिलने के बाद खरगे ने कहा, “हम राज्य का दर्जा बहाल करने के लिए लड़ेंगे। कुछ भी हो, हम इसे छोड़ने वाले नहीं हैं। मैं 83 साल का हो गया हूं, मैं इतनी जल्दी मरने वाला नहीं हूं। जब तक (प्रधानमंत्री नरेन्द्र) मोदी को सत्ता से नहीं हटाएंगे तब तक मैं जिंदा ही रहूंगा। आपकी बात सुनूंगा। आपके लिये लड़ूंगा।”

इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष ने बोलते समय चक्कर आने की शिकायत की थी और उन्हें चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध करानी पड़ी थी।

कांग्रेस महासचिव गुलाम अहमद मीर ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, “वह जसरोटा में एक सार्वजनिक रैली को संबोधित कर रहे थे, तभी उन्हें बेचैनी महसूस हुई और चक्कर आने लगा। उनके सहयोगियों ने उन्हें कुर्सी पर बैठाने में मदद की।”

खरगे विधानसभा चुनावों में अपनी पार्टी के उम्मीदवारों के लिए समर्थन जुटाने हेतु एक रैली को संबोधित करने जसरोटा गए थे।

जम्मू-कश्मीर कांग्रेस के उपाध्यक्ष रवींद्र शर्मा ने बताया कि खरगे को चक्कर आ रहा था और उन्हें एक कमरे में ले जाया गया, जहां डॉक्टरों को जांच के लिए बुलाया गया। उन्होंने बताया कि डॉक्टर सलाह देंगे कि वह उधमपुर में होने वाली दूसरी रैली में शामिल हो सकते हैं या नहीं।

बाद में खरगे की उधमपुर में होने वाली दूसरी रैली रद्द कर दी गई। वे दिल्ली लौट जाएंगे।

जसरोटा रैली में खरगे ने कहा, “मैं बात करना चाहता था। लेकिन चक्कर आने के कारण मैं बैठ गया हूं। कृपया मुझे माफ करें। वे (भाजपा) हमें आतंकित करने की कोशिश कर रहे हैं।”

उन्होंने कहा, “वे पाकिस्तान की बात करते हैं। हम नहीं डरते। बांग्लादेश को किसने आजाद कराया? इंदिरा गांधी ने ऐसा किया। ‘जय जवान जय किसान’ का नारा हमने दिया था। पाकिस्तान को हमने हराया। लाल बहादुर शास्त्री (की सरकार) ने उसे हराया। यह कांग्रेस है।”

इससे पहले कठुआ में मुठभेड़ में शहीद हुए जम्मू-कश्मीर के हेड कांस्टेबल को श्रद्धांजलि देते समय खरगे की आवाज धीमी पड़ने लगी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं तथा सुरक्षा कर्मचारियों ने तुरंत उन्हें सहारा दिया तथा चिकित्सकों को बुलाया।

भाजपा सरकार पर जम्मू-कश्मीर को रिमोट कंट्रोल के जरिए चलाने का आरोप लगाते हुए खरगे ने कहा, “ये लोग कभी चुनाव नहीं कराना चाहते थे। उन्होंने उच्चतम न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद ही चुनाव की तैयारी शुरू की।”

उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि राज्य का दर्जा बहाल करने का अधिकार होने के बावजूद वह (भाजपा) ऐसा करने में विफल रही है। भारतीय जनता पार्टी पर जम्मू-कश्मीर में खनन और शराब ठेकों जैसे प्रमुख क्षेत्रों में बाहरी लोगों को हावी होने देने का आरोप लगाया।

खरगे ने आरोप लगाया, “मोदी जी जम्मू कश्मीर के युवाओं के भविष्य को लेकर घड़ियाली आंसू बहा रहे हैं।” उन्होंने बेरोजगारी का मुद्दा उठाते हुए कहा, “45 वर्षों में सबसे अधिक बेरोजगारी दर मोदी जी के कार्यकाल में है।”

उन्होंने कहा, “जम्मू-कश्मीर में 65 प्रतिशत सरकारी पद रिक्त हैं। नौकरियां बाहरी लोगों को दी जा रही हैं, जिससे स्थानीय युवाओं को अवसर नहीं मिल पा रहा है।”

विधानसभा चुनावों पर अपना ध्यान केंद्रित करते हुए खरगे ने कहा कि मोदी की हाल की जम्मू-कश्मीर यात्रा से पता चलता है कि प्रधानमंत्री संभावित हार को लेकर चिंतित हैं।

खरगे ने कहा, “आपने सुना होगा कि मोदीजी जब यहां आए तो उन्होंने कितने झूठ बोले। यह उनकी घबराहट को दर्शाता है, क्योंकि उन्हें स्पष्ट रूप से हार दिखाई दे रही है।”

उन्होंने जम्मू-कश्मीर के लोगों को भाजपा की “धोखेबाज रणनीति” के प्रति आगाह किया तथा पार्टी पर बेरोजगारी और विकास की कमी जैसे ज्वलंत मुद्दों से ध्यान भटकाने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा, “पिछले 10 सालों में भाजपा ने जम्मू-कश्मीर के लोगों के लिए वादों के अलावा कुछ नहीं किया। अब चुनाव के दौरान वे अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए बेशर्मी से अप्रासंगिक मुद्दे उठाने की कोशिश कर रहे हैं।”

खरगे ने 500,000 नौकरियां पैदा करने के भाजपा के वादे की भी आलोचना की और इसे खोखला नारा बताया। उन्होंने कहा, “10 साल तक वे युवाओं को कुछ हजार नौकरियां तक नहीं दे पाए। अब वे पांच लाख नौकरियों का वादा कैसे कर सकते हैं? वे यहां युवाओं को धोखा दे रहे हैं।”

कांग्रेस प्रमुख ने जम्मू कश्मीर दोनों क्षेत्रों की आर्थिक समृद्धि के लिए “दरबार बदलने” की परंपरा को बहाल करने के महत्व को रेखांकित किया और लोगों की भलाई और प्रगति के लिए कांग्रेस की प्रतिबद्धता दोहराई।

Share This Article