CG: लोहे की 21 सौ कील पर लेटी माता की भक्त, कहा- सपने में आईं मां दुर्गा

राजेन्द्र देवांगन
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रायपुर। देश में चैत्र नवरात्री का त्यौहार बड़े ही धूमधाम से मनाया जा रहा है। भक्त अपनी मनोकामना पूर्ति के लिए मंदिरों में मां के दर्शन के लिए जा रहे है। लेकिन इसी बीच कोरबा के पाली विकासखंड के ग्राम नेवसा की एक भक्त की चर्चा चारों तरफ हो रही है। नेवसा की निवासी ईश्वरीय चौहान माता की भक्ति में लोहे के किलो पर लेटकर साधना कर रही है।

बता दें कि नवरात्र में माता के भक्त नौ दिन का व्रत रखते है। लेकिन नेवसा की निवासी ईश्वरीय चौहान ने माता को खुश करने के लिए कठिन साधना कर रही है। एक दृढ संकल्प के साथ वह लकड़ी के पटरे पर 21सौ कील लगाकर पीट के बल लेती है। इस दौरान उन्होंने अपने पेट में जलते हुए मनोकामना ज्योति कलश को रखा हुआ है। उनकी इस कठिन भक्ति की चारों तरफ चर्चा हो रही है। वहीं लोग उन्हें देखकर हैरान भी हो रहे है।

अपनी इस कठिन साधना की लेकर ईश्वरीय चौहान ने बताया कि नवरात्री शुरू होने के एक दिन पहले माता रानी ने उन्हें स्वप्न में दर्शन दिया और कहा कि, लकड़ी के खाट में कीलों के सहारे सोकर नौ दिनों तक दीप प्रज्वलित कर पूजा पाठ करे और सभी मनोकामना पूर्ण करे।

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